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Shivraj Singh Chouhan: दिल्ली के हुए 'मामा' शिवराज, 18 साल CM रहने के बाद पहली बार केंद्र में बने कैबिनेट मंत्री

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दिल्ली के हुए मामा शिवराज
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Shivraj Singh Chauhan will become minister in Modi government: मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के राजनीतिक भविष्य को लेकर हर तरफ से अटकलें लगाई जा रही थीं कि आने वाले लोकसभा चुनाव के बाद उन्हें केंद्र में बड़ी जिम्मेदारी मिल सकती है. आपको बता दें शिवराज सिंह चौहान का राजनीतिक भविष्य अब दिल्ली में ही होगा. ऐसा इसलिए क्योंकि शिवराज सिंह चौहान को केंद्रीय मंत्रिमंडल में शामिल किया जा चुका है. उन्हाेनें आज राष्ट्रपति के समक्ष कैबिनेट मंत्री के रूप में शपथ ग्रहण की है. साल 1990 में पहली बार बुधनी से चुनाव जीतकर विधायक बने शिवराज सिंह चौहान बीजेपी के कद्दावर नेताओं में गिने जाते हैं. 

आपको बता दें विधानसभा चुनाव में बीजेपी की प्रचंड जीत के बाद मध्य प्रदेश मे शिवराज सिंह चौहान की जगह प्रदेश की कमान मोहन यादव को हाथ में सौंपी गई थी. तभी से शिवराज के राजनीतिक भविष्य को लेकर चर्चाएं तेज हो गई थीं.

आपको बता दें शिवराज सिंह चौहान ने विदिशा लोकसभा सीट से ऐतिहासिक जीत दर्ज की है. यहां उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी प्रताप भानु शर्मा को करीब 8 लाख से अधिक वोटों से चुनाव हराया है. आपको बता दें एक तरफ जहां देश भर में दिग्गज नेता महज 1 से 2 लाख वोटों से चुनाव जीतने में सफल हो पाए, वहीं शिवराज सिंह चौहान की प्रचंड जीत की चर्चा पूरे देश भर में है.

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कांग्रेस ने की थी शिवराज को पीएम बनाने की मांग

आपको बता दें कि शिवराज सिंह चौहान की जीत के बाद कांग्रेस नेता उदित राज समेत कई कांग्रेसियों ने शिवराज सिंह चौहान को प्रधानमंत्री बनाने की मांग थी. हालांकि इस मांग के पक्ष या विपरीत शिवराज सिंह चौहान ने कोई भी बात नहीं कही थी. 

विदिशा से छटवीं बार सांसद चुने गए शिवराज

लोकसभा चुनाव में विदिशा से छठवीं बार सांसद चुने गए शिवराज सिंह चौहान प्रदेश में भाजपा के सबसे कद्दावर नेता हैं. वह वह मध्य प्रदेश के पहले ऐसे मुख्यमंत्री हैं जिन्होंने सर्वाधिक समय तक मुख्यमंत्री पद का कार्यभार संभाला है.

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राजनीति में कदम रखने से पहले उन्होंने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) में कार्यकर्ता के रूप में कार्य किया था. चौहान छह बार विदिशा सीट से सांसद हैं, जहां से कभी पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी और विदेश मंत्री सुषमा स्वाराज जैसे नेता सांसद थे. प्रदेश में मुख्यमंत्री पद का दायित्व संभालने से पहले शिवराज पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष और भाजयुमो के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी रह चुके हैं.

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